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Wednesday, July 3, 2019

मजबूर के जेवर

लुट गई यूँ सर-ए-बाज़ार वफ़ा की पूँजी,
बिक गया वो,
किसी लुट गई यूँ सर-ए-बाज़ार वफ़ा की पूँजी,
बिक गया वो,
किसी मजबूर के जेवर की तरह..🚶🏼‍♂️🚶🏼‍♂️ की तरह..🚶🏼‍♂️🚶🏼‍♂️